रांची: झारखंड सीआईडी (अपराध अनुसंधान विभाग) के एडीजी मनोज कौशिक की विशेष पहल पर राज्य से लापता एक युवक और एक युवती की खोजबीन के लिए राष्ट्रव्यापी अभियान शुरू किया गया है| इसके तहत देश के सभी राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों के लगभग 17,हजार से अधिक पुलिस थानों में दोनों की तलाश के लिए कार्रवाई शुरू की गई है| यह देशव्यापी अभियान सीआईडी एडीजी की ओर से जारी ‘ह्यू एंड क्राई नोटिस’ के आधार पर चलाया जा रहा है|
देश के सभी डीजीपी को लिखा गया पत्र:
एडीजी मनोज कौशिक ने आंध्र प्रदेश, बिहार, उत्तर प्रदेश, पश्चिम बंगाल, दिल्ली, महाराष्ट्र समेत देश के सभी राज्यों के डीजीपी पुलिस आयुक्तों और केंद्र शासित प्रदेशों के आईजी को पत्र भेजा है| इस पत्र में दोनों लापता व्यक्तियों का पूरा विवरण सभी थानों तक प्रसारित करने और खोजबीन में सहयोग का आग्रह किया गया है, जिसके बाद सभी राज्यों की पुलिस एक्शन में आ गई है|
गुमला और बोकारो के युवक व युवती हुए है लापता:
- नाम: पप्पू चौहान (35 वर्ष):
- स्थान: बी.एस. सिटी थाना क्षेत्र (डुंडी बाग बाजार, दुर्गा मंदिर के पीछे), जिला बोकारो|
- लापता होने की तिथि: 25 अक्टूबर 2024
- दर्ज मामला: बी.एस. सिटी थाना में केस संख्या-128/2026 (धारा 140(4) BNS के तहत), जो अपहरण से संबंधित है|
- नाम: अंजू कुमारी (वर्तमान उम्र – 29 वर्ष): पुनरीक्षण को लेकर राजनीतिक दलों के साथ बैठक, दावे-आपत्तियों के सत्यापन की हुई समीक्षा
- स्थान: फासिया ढोधारी टोली, थाना व जिला गुमला (पिता – इग्नेशियस एक्का)
- विशेष: घटना के समय वह नाबालिग (17 वर्ष) थी|
- दर्ज मामला: मानव तस्करी व अपहरण से जुड़ा यह मामला एएचटीयू थाना गुमला में कांड संख्या-10/2019 दर्ज हुई
पहले भी मिल चुकी है सफलता:
यह पहली बार नहीं है जब एडीजी मनोज कौशिक ने इस प्रक्रिया का सहारा लिया है| इससे पहले धुर्वा इलाके से अपहृत दो बच्चों, अंश और आंशिक, की तलाश के लिए भी उन्होंने इसी प्रकार का ‘ह्यू एंड क्राई नोटिस’ जारी किया था| व्यापक स्तर पर चलाए गए उस अभियान के परिणामस्वरूप पुलिस दोनों बच्चों को सकुशल बरामद करने में सफल रही थी|
क्या होता है ह्यू एंड क्राई नोटिस?:
‘ह्यू एंड क्राई नोटिस’ पुलिस या कानून प्रवर्तन एजेंसियों द्वारा जारी किया जाने वाला एक औपचारिक सार्वजनिक नोटिस है| इसका मुख्य उद्देश्य किसी अपराधी, संदिग्ध या लापता व्यक्ति के बारे में अन्य राज्यों की पुलिस और आम जनता को सतर्क करना होता है| जब स्थानीय स्तर पर किसी लापता व्यक्ति या अपहृत व्यक्ति का सुराग नहीं मिलता, तब अंतरराज्यीय समन्वय स्थापित करने और व्यापक सहायता प्राप्त करने के लिए यह नोटिस जारी किया जाता है|
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