ओडिशा: विजिलेंस ने शुक्रवार 16 अक्टूबर की देर रात बड़ी कार्रवाई करते हुए एक सुपरिंटेंडिंग इंजीनियर के पास से कुल 21 लाख 88 हजार 620 रुपये नकद जब्त किए हैं,अधिकारी की पहचान प्रसंजित दास के रूप में हुई है| वह कटक के जगतपुर स्थित महानदी नॉर्दर्न डिवीजन में सुपरिंटेंडिंग इंजीनियर के पद पर कार्यरत हैं| विजिलेंस को ठेकेदारों से रिश्वत के पैसे इकट्ठा किए जाने की सूचना मिली थी| इसी सूचना के आधार पर अधिकारियों ने कार्रवाई की और प्रसंजित दास को भुवनेश्वर के एजी चौक के पास रोककर जांच की,इसके बाद उनके किराए के मकान और पैतृक घर पर भी तलाशी ली गई|
विजिलेंस की छापेमारी में खुलासा:
जानकारी के अनुसार, प्रसंजित दास देर रात अपनी आधिकारिक काम-काज के लिए किराए पर ली गई बोलेरो गाड़ी में यात्रा कर रहे थे, इसी दौरान उन्हें भुवनेश्वर के एजी चौक के पास रोका गया| तलाशी के दौरान उनके पास से 7 लाख 28 हजार 620 रुपये नकद बरामद हु, विजिलेंस के अधिकारियों को इस रकम के स्रोत को लेकर शक हुआ, इसके बाद मामले की जांच आगे बढ़ाई गई और उनके ठिकानों पर एक साथ तलाशी अभियान चलाया गया|
फ्लैट में मिले 14 लाख 60 हजार रुपये:
अधिकारी को रोकने के बाद विजिलेंस की टीम ने शनिवार,17 अक्टूबर को सुबह भुवनेश्वर के घाटिकिया स्थित ट्राइडेंट गैलेक्सी अपार्टमेंट में उनके किराए के फ्लैट नंबर D-401 की तलाशी ली, यहां से 14 लाख 60 हजार रुपये अतिरिक्त नकद बरामद किए गए| इसके अलावा, विजिलेंस की टीम ने बड़गड़ स्थित उनके पैतृक घर पर भी तलाशी अभियान चलाया| उसकी गाड़ी से मिले 7,28,620 रुपये और किराए के फ्लैट से बरामद 14,60,000 रुपये को मिलाकर कुल 21,88,620 रुपये नकद जब्त किए गए हैं|
विजिलेंस ने जब्त किया कैश:
विजिलेंस के मुताबिक, प्रसंजित दास इतनी बड़ी नकद राशि के स्रोत के बारे में संतोषजनक जानकारी नहीं दे सके, इसके बाद पूरी रकम जब्त कर ली गई| अधिकारी को आगे की पूछ-ताछ और जांच के लिए हिरासत में लिया गया है| विजिलेंस की टीम यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि उनके पास इतनी बड़ी रकम कहां से आई और इसका स्रोत क्या है| इस कार्रवाई के संबंध में भुवनेश्वर विजिलेंस पुलिस स्टेशन में 16 अक्टूबर 2026 को केस नंबर 24 दर्ज किया गया है।|मामला भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम, 1988 की धारा 13(2) और संशोधित धारा 13(1)(b) के तहत दर्ज किया गया है|विजिलेंस अधिकारी बरामद नकदी के स्रोत और ठेकेदारों से कथित रिश्वत वसूली से जुड़े आरोपों की जांच कर रही है|जांच पूरी होने के बाद ही मामले से जुड़े अन्य सभी तथ्यों का खुलासा होने की संभावना है|
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